सऊदी अरब ने वेतन संरक्षण के लिए “प्रिवेंटिव जस्टिस इनिशिएटिव” शुरू किया
सऊदी अरब के मानव संसाधन और सामाजिक विकास मंत्रालय (HRSD) ने न्याय मंत्रालय (MoJ) के सहयोग से “वेतन संरक्षण हेतु प्रिवेंटिव जस्टिस इनिशिएटिव” की शुरुआत की है। यह कदम श्रमिकों के अधिकारों की रक्षा और श्रम विवादों के त्वरित समाधान की दिशा में एक महत्वपूर्ण सुधार है।
इस डिजिटल प्रणाली के माध्यम से अब कर्मचारी बिना किसी अदालत की प्रक्रिया के अपनी बकाया मजदूरी आसानी और तेजी से प्राप्त कर सकेंगे। नई व्यवस्था के तहत, आधिकारिक रूप से प्रमाणित रोजगार अनुबंध में दर्ज वेतन शर्त को एक निष्पादन योग्य दस्तावेज़ (executive document) माना जाएगा, जिससे समय पर भुगतान सुनिश्चित होगा।
यह प्रणाली HRSD के “किवा (Qiwa)” प्लेटफॉर्म — जो रोजगार अनुबंधों का सत्यापन करता है — को न्याय मंत्रालय के “नजिज़ (Najiz)” प्लेटफॉर्म से जोड़ती है, जो प्रवर्तन अनुरोधों (enforcement requests) को इलेक्ट्रॉनिक रूप से संभालता है। यदि किसी नियोक्ता द्वारा 30 दिनों के भीतर वेतन का भुगतान नहीं किया जाता है, तो कर्मचारी नजिज़ प्लेटफॉर्म के माध्यम से ऑनलाइन प्रवर्तन अनुरोध दर्ज कर सकता है। यह अनुरोध Qiwa और वेतन संरक्षण कार्यक्रम के डेटा से स्वतः सत्यापित किया जाएगा।
यदि नियोक्ता द्वारा भुगतान में चूक पाई जाती है, तो नजिज़ प्लेटफॉर्म HRSD और MoJ द्वारा तय नियमों के तहत इलेक्ट्रॉनिक प्रवर्तन के माध्यम से भुगतान सुनिश्चित करेगा।
मानव संसाधन मंत्रालय के श्रम मामलों के उपमंत्री इंजीनियर अहमद एम. अल शारकी ने कहा, “यह पहल श्रमिकों के अधिकारों की सुरक्षा को सशक्त बनाती है, विवादों को कम करती है और श्रम बाजार में विश्वास को मजबूत करती है। यह विज़न 2030 के श्रम सुधारों की दिशा में एक अहम कदम है।”
इस योजना को चरणबद्ध रूप से लागू किया जाएगा — 6 अक्टूबर 2025 से नए या संशोधित अनुबंधों पर, 6 मार्च 2026 से नवीनीकृत निश्चित अवधि वाले अनुबंधों पर, और 6 अगस्त 2026 से अनिश्चितकालीन अनुबंधों परHRSD ने सभी नियोक्ताओं और कर्मचारियों से मंत्रालय की वेबसाइट पर उपलब्ध यूज़र गाइड पढ़ने की अपील की है ताकि प्रक्रिया, पात्रता और आवेदन से संबंधित जानकारी प्राप्त की जा सके।

0 comments